कांग्रेस ने की अमित शाह के इस्तीफे की मांग, कहा- गृह मंत्री अपनी जिम्मेदारी निभाने की जगह पार्टी के साथ ..

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छत्तीसगढ़ में बीते दिनों हुए नक्सली हामले के बाद केंद्र में सत्तारूढ़ मोदी सरकार विपक्षी दलों के निशाने पर आ गई है। दरअसल छत्तीसगढ़ के बीजापुर और सुकमा में इस साल का सबसे बड़ा नक्सली हामला हुआ है। जिसमें 22 जवानों के शहीद होने की खबर सामने आई.आईबीटी जाती है कि यह नक्सली में हमला है, कई जवान भूल गए हैं और कई ला’पता है। यह नक्सलियों के बारे में अब विपक्षी दलों द्वारा मोदी सरकार को सवालों के कटघरे में खड़ा किया जा रहा है। इसके साथ ही कांग्रेस द्वारा इस न’क्सली ह’मले के बाद देश के गृह मंत्री अमित शाह पर ला’परवा’ही का आरोप लगाते हुए उनके इस्तीफे की मांग की गई है।इस मामले में कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा। “जब से अमित शाह देश के गृह मंत्री बने हैं। तब से लेकर अब तक देश में ५२१३ नक्सली हैं। ये लोग 416 लोगों में शामिल नहीं हुए हैं इस बात की जानकारी खुद सरकार ने संसद में दी ।इसके साथ ही कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, “यह घटना कब हुई? सबको मालूम है कि तीन अप्रैल को लगभग 11.30 बजे बीजापुर-सतना बॉर्डर पर मुथैबे-की हुई। देश के गृह मंत्री ने 24 घंटे कुछ प्रतिक्रिया नहीं दी। जब यह हमला हो रहा था तब देश के गृहमंत्री तमिलनाडु में रोड शो कर रहे थे। इसके बाद उन्होंने एक दूसरे विधानसभा में जनसभा को संबोधित किया।उन्होंने कहा है कि इसके बाद भी देश के गृहमंत्री दिल्ली या छत्तीसगढ़ नहीं गए। राज्य का दौरा नहीं होने के बावजूद उन्होंने इतने बड़े स्तर पर नहीं किया। जबकि वह केरल में दो जगह जनाब और रोड शो कर रहे थे। इसके बाद वह असम चले गए। जहां पर उनकी एक रैली थी।असम में वह रैली फिर से आखिरी दो रैली ना करके उन्होंने देश पर एहसान करने की कोशिश की है कि क्या देश के गृह मंत्री को इतना ला-आचार होते हुए देखा है। न तोवादवाद से निपटना गृह मंत्री की सीधी जिम्मेदारी है। इसके साथ ही कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने मीडिया से बातचीत के दौरान यह भी कहा है कि कोई और गृह मंत्री होता है तो अब तक उसका इस्तीफा मांग लिया जाता है। एक गृह मंत्री ने कपड़े बदल लिए थे। मुथल ह’मले के समय तो उनका रिजफा मांग लिया था आप लोगों ने। तो फिर क्या ऐसे व्यक्ति को पद पर रहने का अधिकार है? जो सिने तारिका के साथ TN में रैली कर रहा था। 24 घंटे तक कोई भी आरक्षण समूह नहीं गया। किस देश के इतिहास में किसी भी गृह मंत्री ने ऐसा किया है।

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